मुसाफिर नमाज़ की कज़ा का नियम
यदि शरीअत का मुसाफिर रहते हुए कोई नमाज़ छूट गई थी, तो उसकी कज़ा हमेशा 2 रकात होगी, भले ही आप वर्षों बाद घर पर मुक़ीम रहते हुए कज़ा करें। नमाज़ का समय खत्म होने के वक्त की स्थिति ही कज़ा का नियम तय करती है।
सफ़र में छूटी नमाज़ों को घर लौटने के बाद या सफ़र में कज़ा करने का नियम।
यदि शरीअत का मुसाफिर रहते हुए कोई नमाज़ छूट गई थी, तो उसकी कज़ा हमेशा 2 रकात होगी, भले ही आप वर्षों बाद घर पर मुक़ीम रहते हुए कज़ा करें। नमाज़ का समय खत्म होने के वक्त की स्थिति ही कज़ा का नियम तय करती है।
Sadr al-Shariah Mufti Amjad Ali A‘zami
Essential Hanafi manual covering distance threshold (~57.5 miles / 92 km), Muqeem 15-day intention rule, and Qaza prayer rules.